इससे साफ पता चलता है कि पुलिस महकमे ने उनकी सुरक्षा वापस ले ली है। इस बारे में विधायक विजय प्रकाश बताया कि उन्होंने इस आशय की पूरी जानकारी डीजीपी से लेकर तमाम सक्षम पदाधिकारियों को दे दी है। लेकिन इस दिशा में अबतक कोई कारगर कदम नहीं उठाया गया है। अपनी सुरक्षा वापस लिए जाने पर उन्होंने नाराजगी व्यक्त करते हुए जोर देकर कहा कि नक्सल प्रभावित विधान सभा क्षेत्र होने के कारण उन्हें विधि सम्मत सुरक्षा मुहैया कराया जाना चाहिए। ऐसी ही एक घटना पुर्व में झाझा विधायक के साथ भी घट चुकी है। उनके शब्दों में ऐसी कोई भी अप्रिय घटना मेरे साथ घटती है उसकी पूरी जवाबदेही सरकार और उसके इशारे पर उनकी सुरक्षा वापस लेने वाले पुलिस पदाधिकारियों की होगी।



