रजौली (नवादा) प्रखण्ड क्षेत्र में हो रहे लगातार बारिश से धनार्जय नदी समेत अन्य छोटी-बड़ी नदियों में बाढ़ आ गई।जिससे कई गांवों की सड़कें जलमग्न हो गई और नदी के उसपार के लोग मुख्य मार्ग नहीं पहुंच पा रहे हैं।चितरकोली पंचायत के सिल्लीदिबौर धनार्जय नदी किनारे अवस्थित है।नदी में बाढ़ आने से सिल्लीदिबौर स्थित 40 घरों के लोगों का मुख्य मार्ग से सम्पर्क टूट गया।वहीं ग्रामीणों ने बताया कि तीन वर्ष पूर्व सड़क का टेंडर हो गया था,उसके बावजूद अबतक सड़क अथवा पुल का निर्माण नहीं हो सका है।इससे ग्रामीणों में काफी रोष है।हालांकि इसको लेकर रजौली विधायक प्रकाश वीर द्वारा भी पत्राचार किया गया है,किन्तु विभाग के कानों में जूं तक नहीं रेंगा है।वहीं धनार्जय नदी के किनारे अवस्थित कालाली मोड़ से लेकर डीह रजौली,कर्बला नगर,सिमरकोल,परांचक समेत अन्य जगहों पर बाढ़ रहने के कारण दर्जनों गांव के लोगों का बाजार एवं प्रखण्ड मुख्यालय से सम्पर्क टूट गया है।बताते चलें कि इस समस्या से निदान को लेकर पुल निर्माण हेतु ग्रामीणों द्वारा कई बार पूर्व सांसद से आग्रह किया गया था।उसके बावजूद भी पुल का निर्माण नहीं हो पाया।वहीं ग्रामीण अब नवनिर्वाचित नवादा सांसद विवेक ठाकुर से भी पुल निर्माण की मांग किया गया है।
बारिश ने खोली बिजली विभाग की पोल,24 घण्टे बिजली बाधित
बारिश ने बिजली विभाग के पोल को खोल दी।बारिश के कारण बीते दिन शुक्रवार की शाम से लगातार शनिवार की शाम तक लगभग चौबीस घण्टे बिजली बाधित रही।इस दौरान शुक्रवार की रात्रि लोग बारिश में अंधेरे में परिजनों के साथ कमरे में बन्द रहे।वहीं सुबह होते ही नगर पंचायत के अधिकांश घरों जिनमें समरसेबुल मोटर द्वारा पानी को टंकी में भरा जाता है,सुबह में ही जवाब दे दिया।जिससे शिक्षकगण समेत अन्य पदाधिकारीगण बिना नहाए विद्यालय एवं कार्यालय जाने को मजबूर थे।वहीं बिजली विभाग द्वारा एक व्हाट्सएप ग्रुप में चार-पांच घंटों के अंतराल पर 33 हजार एवं 11 हजार केवी तार में फॉल्ट को बताते नजर आए।बिजली नहीं रहने से लोग काफी-परेशान एवं अस्त-व्यस्त दिखाई दिए।कई लोगों ने जेनरेटर आदि का सहारा लेकर किसी तरह स्नान एवं पीने के पानी की व्यवस्था करते दिखाई दिए,तो कुछ लोग घर के आसपास रहे चापाकलों से पानी भरते नजर आए।