हरला पंचायत में डॉक्टर नीरज एवं गौरा पंचायत में आई डी पासवान की प्रतिष्ठा दांव पर,निवर्तमान मुखिया डाक्टर की भाभी के विरुद्ध बडे़ भाई चुनाव मैदान में

जमुई
जनादेश न्यूज जमुई
जमुई (संजय कुमार) जिले के लक्ष्मीपुर प्रखंड में पंचायत आम चुनाव 2021 के अंतर्गत पांचवें चरण में 24 अक्टूबर को मतदान होना सुनिश्चित है.वहीं 13 पंचायतों में हरला और गौरा पंचायत में सभी सीमाओं को लांघ कर प्रत्याशी अपने-अपने पक्ष में मतदान करने के लिए मतदाताओं को आकर्षित कर रहे हैं.जहां हरला पंचायत में निवर्तमान मुखिया सरिता देवी के पक्ष में जिले के समाजसेवी सह हड्डी रोग विशेषज्ञ डॉक्टर नीरज साह अपने समर्थकों के बड़े काफिले के साथ प्रचार प्रसार में जुटे हैं .वहीं उनके विरुद्ध हरला निवासी निरंजन साह की धर्मपत्नी कोमल कुमारी उन्हें कड़ी टक्कर दे रही हैं और उनके भारी समर्थकों से डॉक्टर नीरज को पसीना बहाना पड़ रहा है.वहीं उनके बड़े भाई नंदकिशोर साह डीलर घनश्याम साह कि धर्मपत्नी सरिता देवी को हराने हेतु कमर कस ली है.जबकि पनौट निवासी सुरेश रावत इन दोनों की लड़ाई का फायदा उठाने की जुगत में हैं.कहीं भी कहा जा रहा हैं आपसी लड़ाई में सुरेश रावत परिणाम ना निकाल ले जाए.अब देखना यह है कि इस पंचायत की जनता का निर्णय क्या होता है.ऐसे तो हरला पंचायत की राजनीति तापमान प्रखंड में नंबर वन स्थान पर है. गौरा पंचायत के निवर्तमान मुखिया सुमित्रा देवी को कड़ी टक्कर देने के लिए पूर्व मुखिया प्रत्याशी उर्मिला देवी, अपराधी छवि के गोरेलाल तांती की धर्मपत्नी संतोषी देवी एवं रिटायर्ड खान निदेशक आई डी पासवान की बहू संगीता देवी मैदान में हैं.हालांकि पंचायत में तांती मतदाताओं की संख्या लगभग 1600 है और ऐसे में संतोषी देवी को अपने समाज के वोटरों पर ज्यादा भरोसा है और कुछ अन्य समाज के लोगों का समर्थन जुटाने में लगी है.वहीं पिछले चुनाव में कुछ मतों से चुनाव हारने वाली प्रत्याशी उर्मिला देवी को अपने ही समाज के ताकतवर जिले के चर्चित व्यक्ति आई डी पासवान के भतीजे पप्पू पासवान की धर्मपत्नी संगीता देवी खेल को बिगाड़ती दिख रही है.अब देखना है कि यदुवंशी समाज के चहेते कौन बनते हैं? उन्हीं का पलड़ा भारी होगा.ऐसे में निवर्तमान मुखिया पति रविंद्र दास पंचायत के हर वर्गों के लोगों का दिल जीता है और पंचायत में विकास के बल पर पुनः दोवारा वोटरों को मतदान करने के लिए दिन रात एक कर अन्य प्रत्याशियों पर भारी पड़ती हुई दिख रही है.वही अपराधी छवि के गोरेलाल तांती ककी धर्म पत्नी को अन्य समाज के लोगों का समर्थन नहीं मिलता दिख रहा है.ऐसे में लड़ाई गौरा और हरला पंचायत में त्रिकोणात्मक दिख रहा है.अब देखना यह है कि 24 अक्टूबर के मतदान में मतदाता किसको बटन दबाकर विजय श्री का माला पहनाते हैं.जिसका परिणाम 26 अक्टूबर को जिले के केकेएम कॉलेज के प्रांगण में घोषित होना सुनिश्चित है.यह तो तय माना जाए कि हरला पंचायत में डॉक्टर नीरज साह और गौरा पंचायत में आई डी पासवान का प्रतिष्ठा दांव पर है.जनता का निर्णय सर्वोपरि है.अब देखना यह है की मतगणना के पश्चात ऊंट किस करवट बैठता है!