गिद्धौर के गायत्री ज्ञान मंदिर में पंच दिवसीय प्रज्ञा पुराण कथा वेदमंत्रोचार के साथ संपन्न धर्म अध्यातम की प्रज्ञा पुराण कथा में बही भक्ति रस धारा।

जमुई
जनादेश न्यूज़ जमुई 
गिद्धौर (अजित कुमार यादव): स्थानीय पंच मंदिर के प्रांगण में शांति कुंज हरिद्वार के तत्वाधान में गिद्धौर के गायत्री ज्ञान मंदिर में आयोजित पांच दिवसीय प्रज्ञा पुराण कथा गायत्री वेद मंत्रोचार के साथ मंगलवार को विधिवत यज्ञ हवन की आहुति के साथ सम्पन हो गया. इस दौरान इस धर्मिक यज्ञानुष्ठान सह प्रज्ञा कथा पुराण में शांति कुंज हरिद्वार से आये मुख्य प्रवचन कर्ता श्री सुरेश जी भारद्वाज ने प्रवचन के दौरान कहा कि मानव जाति को नेकी धर्म सदाचार व सामाजिक सद्भाव के साथ ईश्वर के सुझाये नेकी के मार्ग पर चलने का संदेश दिया. इस मौके पर उन्होंने उपस्थित गायत्री परिवार से जुड़े इलाके के श्रद्धालु भक्तों एवं ग्रमीणों से कहा कि ज्ञान उन बातों का बोध कराता है कर्म वह है जो प्राप्त किये हुए ज्ञान को जीवन मे चरितार्थ करता है. हम तमाम लोग गीता,भागवत,रामायण जानते तो हैं पर उन ग्रथों के ज्ञान को कोठारी में बंद रखा है उसे कर्म में उतारना है तभी ईश्वर की कृपा प्राप्त की जा सकती है. उन्होंने आगे कहा कि ज्ञान और कर्म के समन्वित स्वरूप को जीवन मे उतारना ही सच्ची भक्ति है. केवल कर्मकांड में उलझे रहना या निरर्थक पूजा पाठ करने को भक्ति नही कहा जा सकता. हम सभी मानव ईश्वर के सुझाये गए मार्गों का अनुसरण करके ही निर्वाण को प्राप्त कर सकते हैं. वही इस धार्मिक अनुष्ठान में शांति कुंज हरिद्वार से आये प्रसिद्ध भजनकार जितेंद्र सिंह, मनोज कुमार, सुरेंद्र प्रसाद ने एक से एक भजन की प्रस्तुति कर सामाजिक सद्भाव शांति समरसता एकरूपता का समाज मे संदेश दिया. इस मौके पर गायत्री ज्ञान मंदिर गिद्धौर परिवार के शुखदेव प्रसाद वर्णवाल, गोपाल प्रसाद वर्णवाल, अरुण वर्णवाल, महेश प्रसाद वर्णवाल, जितेंद्र वर्णवाल, भगवान दास केशरी, संजू देवी, रेणु देवी, नंदकिशोर वर्णवाल, माधुरी देवी के अलावे दर्जनों श्रद्धालु भक्त इस पांच दिवसीय प्रज्ञा पुराण कथा वाचन सह गायत्री यज्ञानुष्ठान के मौके पर मौजूद थे.